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नगर पंचायत में अध्यक्ष के सहधर्मी कर रहे जमकर भ्रष्टाचार, अनियमितताओं का बोलबाला

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सहधर्मियों को अधिकतर टेंडर, निर्माण कार्यों पर उठे रहे सवाल

फर्रुखाबाद। शमसाबाद नगर पंचायत क्षेत्र में इन दिनों विकास कार्यों के नाम पर बड़े पैमाने पर अनियमितताएं और भ्रष्टाचार किए जाने का मामला सामने आया है। नगर में चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और कार्यप्रणाली को लेकर स्थानीय नागरिकों और जानकारों में गहरा रोष व्याप्त है। आरोप है कि नगर पंचायत के ठेकों में अध्यक्ष के सहधर्मियों का वर्चस्व हावी हैऔर जिन-जिन स्थानों पर इस वर्ग से जुड़े ठेकेदारों को निर्माण कार्य का जिम्मा मिला है,वहां नियमों को ताक पर रखकर घोर अमानक निर्माण कार्य कराया जा रहा है।
विश्वस्त सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक ताड़बाली हवेली में बेदराम के घर के पास से टावर तक बन रही सड़क के बारे में मोहल्ले के लोगों ने खुशबू कंस्ट्रक्शन के ठेकेदार इमरान पर अमानक निर्माण कार्य को लेकर गंभीर आरोप लगाना शुरू कर दिया। मोहल्ले के लोगों का आरोप है कि ठेकेदार इमरान द्वारा इंटरलॉकिंग सड़क पर बिछी इंटरलॉकिंग ईंट को उखाड़कर निकाला नहीं गया और उसी के ऊपर सीसी सड़क डाल कर तैयार कर दी गई है जबकि जानकार लोगों का कहना है कि यदि सड़क पर पहले इंटरलॉकिंग ईंट बिछी थी तो उस ईंट को निकालकर नगर पंचायत के सुपुर्द किया जाना था और फिर नगर पंचायत द्वारा उसे नीलाम कर बेंच देना चाहिए था लेकिन ऐसा नहीं हुआ। ग्रामीणों ने ठेकेदार इमरान पर आरोप लगाया कि जब नई सीसी सड़क का निर्माण कार्य कराया जा रहा है तो नालियों का निर्माण क्यों नहीं कराया गया है। जगह जगह पुरानी ईंट लगा कर नाली का भी निर्माण कागजों में ही करा दिया गया है। अमानक निर्माण कार्य से त्रस्त आकर ग्रामीणों ने मांग की है कि उक्त सड़क की जांच करवाकर दूध का दूध और पानी का पानी किया जाये।

सबसे बड़ा सवाल- पुरानी इंटरलॉकिंग ईंटों को आसमान खा गया या धरती निगल गई

विश्वस्त सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार नगर पंचायत शमसाबाद में कई जगहों की हालत ये है कि सड़कों के चौड़ीकरण और पुनरुद्धार के नाम पर खोदाई के दौरान पूर्व में बिछी हुई कीमती इंटरलॉकिंग ईंटें हटाई गई थीं सवाल यह उठ रहा है कि लाखों रुपये मूल्य की ये पुरानी ईंटें आखिर कहां चली गईं? इसका कोई स्पष्ट हिसाब या रिकॉर्ड सामने नहीं आया है,

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