बकेवर, फतेहपुर। लगातार चार दिनों से जारी बारिश अब ग्रामीणों के लिए मुसीबत बनती जा रही है। बकेवर कस्बे में बारिश के चलते दो कच्चे मकान अचानक धराशाई हो गए, जबकि कंशमीरीपुर गांव में कच्ची दीवार गिरने से उसके नीचे बंधी दो भैंसों की मौत हो गई। एक के बाद एक हुए हादसों से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।बकेवर थाना क्षेत्र में चंद्रभूषण सविता उर्फ कल्लू सविता और उदय नारायण तिवारी के कच्चे मकान बारिश की मार से अचानक भरभराकर गिर पड़े। मकान गिरने से घर में रखा खाद्यान्न, गृहस्थी का सामान और अन्य जरूरी वस्तुएं मलबे में दबकर बर्बाद हो गईं। हालांकि हादसे के दौरान परिवार के सदस्य सुरक्षित रहे और बड़ा हादसा टल गया!वहीं कंशमीरीपुर गांव में अरविंद कुमार पाल के घर की कच्ची दीवार बुधवार सुबह अचानक ढह गई। दीवार के पास बंधी दो भैंसें मलबे में दब गईं। तेज आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और मलबा हटाने में जुट गए, लेकिन दोनों पशुओं को बचाया नहीं जा सका। हादसे में पशुपालक को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
जर्जर कच्चे मकानों पर बारिश से मंडरा रहा खतरा
लगातार बारिश से ग्रामीण इलाकों में कच्चे और जर्जर मकानों की हालत लगातार बिगड़ रही है। कई मकानों की दीवारों में दरारें पड़ चुकी हैं। ग्रामीणों को आशंका है कि यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा तो और भी मकान गिर सकते हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल सर्वे कराकर जर्जर मकानों को चिह्नित करने, प्रभावित परिवारों के नुकसान का आकलन कराने और नियमानुसार मुआवजा दिलाने की मांग की है। साथ ही संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ाकर संभावित हादसों को रोकने की मांग उठाई है।
चार दिन की बारिश ने मचाई तबाही- दो अलग-अलग कच्चे मकान गिरने से भैंसों की मौत


