उन्नाव। कलेक्ट्रेट स्थित पन्नालाल सभागार में गुरुवार को जिलाधिकारी घनश्याम मीना के निर्देशन में शिकायत पटल से संबंधित आयोगों एवं अन्य स्तरों से प्राप्त संदर्भों की समीक्षा बैठक हुई। बैठक में वर्ष 2025 से अब तक लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान 24 विभागों में कुल 122 प्रकरण लंबित पाए गए। इनमें मानवाधिकार आयोग के 44, राज्य महिला आयोग के 32, अनुसूचित जाति आयोग के 36, अनुसूचित जनजाति आयोग के छह तथा राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के चार प्रकरण शामिल हैं।
डीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता के अनुरूप अपने-अपने विभागों से संबंधित लंबित प्रकरणों का एक सप्ताह के भीतर निस्तारण सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि आयोगों एवं अन्य स्तरों से प्राप्त संदर्भों के निस्तारण में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी सुशील कुमार गोंड, उप निदेशक कृषि चंद्र प्रकाश, जिला विकास अधिकारी देव कुमार चतुर्वेदी, परियोजना निदेशक तेजवंत सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी प्रकाश पांडेय, जिला पूर्ति अधिकारी राज बहादुर, जिला कार्यक्रम अधिकारी अजय कुमार, एआरटीओ श्वेता वर्मा समेत संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
आयोगों के 122 प्रकरण लंबित, डीएम ने एक सप्ताह में निस्तारण के दिए निर्देश


